अब कोई ख्वाइश नही है दिल मैं

Hindi Sad Poem for girl

अब कोई ख्वाइश नही है दिल मैं अब कोई हलचल नही है दिल मैं में पत्थर की बनना चाहती हूँ मैं बेजान हो जाना चाहती हूँ मैं टूट कर बिखर रही हूँ मैं आग मैं सुलग रही हूँ मैं अपनो …

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पता ही न चला

Childhood Memories

कब उंगली पकडे पकडे हाथ छोड़ कर भागने लगा पता ही न चला कब जिंदगी को सुलझाते सुलझाते खुद उलझ गया पता ही न चला रिस्ते बहुत नाजुक थे उन्हें जीवन भर एक डोर में भांदे रखना था कब वो …

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क्या कहूँ

क्या कहूँ

मैं खुद में खो चुका हूँ तुमसे क्या आकर कहूँ मैं खुद में ढल चूका हूँ तुमसे क्या शिकायत करूँ तू सूरज की तरह चमक चुकी है तू हवा की तरह चलने लगी है तू तेज है पानी की तरह …

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बदलता जमाना

badalta zamana

वक़्त है आज गुजर जायेगा तेरा साथ है एक दिन छूट जायेगा बदलेगा जमाना तू भी बदल जायेगा वक़्त है आज गुजर जायेगा तू आज साथ है मै बड़ा जो हूँ कल मैं छोटा होंगा तू भी बदल जायेगा बदलेगा …

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और वक़्त के साथ ‘हम’ बदल गए है

Waqt Ke saath Hum badal gye hai..

पहले के टाइम मैं, ‘I am fine’ कहकर अपने दिल की बात छुपा लेती थी, आज ‘sab badiya hai’ कह देती हूं!! पहले रात का चांद नसीब होता था, और अब ना चाँद है, ना ही सवेरा!! पहले मैं अपने …

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